Sunday , January 26 2020
Breaking News

चौदह पूर्वो का सार है नवकार – गच्छाधिपति श्री

पिपलौदा  / (प्रफुल जैन) – पावनिय चातुर्मास महोत्सव के दौरान श्री शंखेश्वर पार्श्वनाथ धाम पर गच्छाधिपति नित्यसेन सूरीश्वर जी म.सा.ने कहा कि अचिन्त्य चिन्तामणि नवकार मंत्रो का शिरताज है इस शाश्वत मंत्र में चौदह पूर्वो का सार समाहित है इसकी महिमा को शब्दों की परिधी में बांधना असंभव है नवकार के एक एक अक्षर को लेकर तीर्थ की जानकारी वहाँ बिराजित मूलनायक भगवान की वंदना, स्तुति, स्तवन की रचना से सभी भाव विभोर हो जाते है उक्त अड़सठ तीर्थ भाव यात्रा की रचना पूण्य सम्राट जयंत सेन सूरीश्वर जी म.सा. ने की है
पूण्य सम्राट को बाग (मध्यप्रदेश) चातुर्मास काल में एक महीना मौन साधना स्वाध्याय में लीन रहने का अनुपम अविस्मरणीय योग प्राप्त हुआ था जिसकी 57 वी भाव यात्रा पिपलोदा में चल रही है।
मुनिराज श्री सिद्धरत्न विजय जी म.सा.,मुनिराज श्री विद्वदरत्न विजय जी म.सा.,मुनिराज प्रशमसेन विजय जी म.सा., मुनिराज श्री तारकरत्न विजय जी म.सा.,व मिनिराज श्री निर्भयरत्न विजय जी म.सा. व साध्वी श्री भाग्यकला श्री जी म.सा.आदि ठाणा उपस्थित थे।

ये रहे लाभार्थी- श्री शंखेश्वर पार्श्वनाथ धाम प्रचार सचिव प्रफुल जैन ने बताया कि दादा गुरुदेव व पूण्य सम्राट की आरती का लाभ कांतिलाल,सागरमल, शेतानमल मेहता परिवार बोदिना,प्रभावना का लाभ प्रकाशचंद्र चेतन,विवेक कुमार जैन साँवेर, संजय कुमार कनकतारा सुराणा पिपलोदा, देवेंद्र कुमार हीरालाल चपडोड मंदसौर,सोभागमल मदनलाल, मोहनलाल रुनवाल उज्जैन, इन्दरमल दसेड़ा परिवार जावरा, सारंगी आराधक मंडल,गवली का लाभ कन्हैयालाल छाजेड़ परिवार द्वारा लिया गया सभी लाभार्थियों का श्री संघ अध्यक्ष बाबुलाल धींग द्वारा बहुमान किया गया संचालन चातुर्मास प्रभारी राकेश जैन ने व तरुण परिषद अध्यक्ष हर्ष कटारिया ने किया ।

चल रही तप आराधना – चातुर्मास महोत्सव के दौरान सांखली तेला व सांखली आयम्बिल के साथ ही तप आराधना चल रही है इसी क्रम में राखी भंडारी के 27, हंसा बाबेल के 24, मंजुला बेन बाबेल 13, अवस्थी जैन के 6 उपवास की तपस्या चल रही है।

नमो उवज्झायांण पद की भाव यात्रा हुई – गच्छाधिपति व साधु साध्वी भगवंत की निश्रा में लाभार्थी श्री सुमीत कुमार इंदरमल दसेड़ा परिवार जावरा द्वारा 18 देश के अधिपति कुमार पाल महाराजा बनकर उनके द्वारा 7 तीर्थ श्री नलिया तीर्थ, श्री मोढेरा तीर्थ, श्री उज्जित गिरी तीर्थ, श्री वरमाण तीर्थ,श्री झाबुआ तीर्थ, श्री यादगिरी तीर्थ, श्री नंदनवन तीर्थ की भाव यात्रा सम्पन्न हुई ।

नमो लोए सव्वसाहूणं पद की भाव यात्रा कल – गच्छाधिपति श्री की निश्रा में दिनांक 11 अगस्त को लाभार्थी श्री समरथमल जी सुराणा परिवार द्वारा मंत्री श्री पैथड शाह बनकर नो तीर्थ श्री नवसारी तीर्थ,श्री मोदरा तीर्थ,श्री लोद्रवा जी तीर्थ, श्री एकलिंग जी तीर्थ, श्री सम्मेदशिखर जी तीर्थ, श्री वरकाणा जी तीर्थ, श्री सागोदिया जी तीर्थ, श्री हुबली तीर्थ, श्री नंदी ग्राम तीर्थ की भाव यात्रा करवाई जावेगी।

About Swastik Jain

Check Also

बीते जीवन के सदुपयोग का आंकलन करने वाला जीव मोक्षगामी होता है – मुनिराज डॉ सिद्धरत्न विजय

पिपलौदा / (प्रफुल जैन) – गच्छाधिपति नित्यसेन सूरीश्वर जी म.सा.की पावन निश्रा में श्री शंखेश्वर पार्श्वनाथ …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *